SAHARSA NEWS:सहरसा के पूरब बाजार स्थित "अनिका हॉस्पीटल एण्ड ट्रामा सेन्टर'' में बीते बुधवार को मरीज की मौत के बाद हुए हंगामे और तोड़फोड़ के मामले में नया मोड़ आया है। अस्पताल के संचालक डॉ. सिद्धार्थ प्रियदर्शी ने गुरुवार को सहरसा सदर थाना में उपद्रवियों के खिलाफ मामला दर्ज कराया है। उन्होंने उपद्रवियों पर 25 लाख रुपये की रंगदारी मांगने, अस्पताल कर्मियों के साथ मारपीट करने और एक कर्मी की बुलेट मोटरसाइकिल छीनकर भागने का गंभीर आरोप लगाया है।
डॉ. प्रियदर्शी ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि महिषी निवासी बालकृष्ण झा 32 वर्ष को 28 मई को अत्यंत गंभीर स्थिति में अस्पताल लाया गया था। नाजुक हालत को देखते हुए परिजनों को मरीज को बाहर ले जाने की सलाह दी गई थी, लेकिन उनके अनुरोध पर ही इलाज शुरू किया गया।
रास्ते में ही हुई मरीज की मौत
2 जून की रात मरीज की हालत बिगड़ने पर उसे दरभंगा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। हालांकि, परिजनों ने उसे ले जाने में देरी की और इधर-उधर घुमाते रहे, जिससे रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।
शिकायत के अनुसार, मरीज की मौत के बाद आक्रोशित परिजन करीब 40 अज्ञात लोगों के साथ शव लेकर अस्पताल पहुंचे और जमकर तोड़फोड़ की। उपद्रवियों ने अस्पताल कर्मियों को पीटा और धमकी दी कि "25 लाख रुपये दो, नहीं तो अस्पताल को जलाकर राख कर देंगे।"
5 घंटे की मशक्कत के बाद स्थिति को शांत कराया
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और करीब 5 घंटे की मशक्कत के बाद स्थिति को शांत कराया। इसी हंगामे के दौरान उपद्रवी तत्वों ने अस्पताल कर्मी निलेश कुमार की बुलेट मोटरसाइकिल (No.BR19L 7292) की चाबी जबरन छीन ली और गाड़ी लेकर फरार हो गए।
सदर थाना के थानाध्यक्ष अजय कुमार पासवन के अनुसार, डॉक्टर से प्राप्त आवेदन के आधार पर FIR दर्ज किया गया और मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। पुलिस अस्पताल में लगे सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उचित कानूनी कार्रवाई करेगी।