Nawada News: नवादा में डायल 112 वाहन के चालक सिपाही शिव कुमार की सड़क हादसे में मौत हो गई. ड्यूटी के दौरान सड़क पार करने के समय टोटो की टक्कर से उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई.
नवादा जिले से रविवार देर शाम एक दर्दनाक खबर सामने आई, जिसने पुलिस महकमे सहित पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया. लोगों की सुरक्षा में दिन-रात तैनात रहने वाला एक एक्स आर्मी जवान और डायल 112 (3) का चालक सिपाही सड़क हादसे का शिकार हो गया. दूसरों की मदद के लिए हमेशा तत्पर रहने वाला जवान खुद जिंदगी की जंग हार गया.
प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर थाना क्षेत्र स्थित महुली के समीप डायल 112 वाहन के चालक शिव कुमार ड्यूटी के दौरान वाहन से उतरकर सड़क किनारे पेशाब करने गए थे. इसी दौरान सड़क पार करने के क्रम में एक तेज रफ्तार टोटो ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी.
घटनास्थल पर ही हो गई दर्दनाक मौत
टक्कर इतनी भयावह थी कि चालक सिपाही शिव कुमार की घटनास्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई. हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई. स्थानीय लोगों की सूचना पर नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू की. मृतक शिव कुमार नवादा जिले के नारदीगंज क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं. वे पूर्व में भारतीय सेना में अपनी सेवाएं दे चुके थे और सेना से लौटने के बाद पुलिस विभाग में चालक सिपाही के रूप में कार्यरत थे.
भूतपूर्व सैनिक थे शिव कुमार:
मृतक के परिजन सौरव कुमार ने बताया कि मृतक शिव कुमार उर्फ शंकर सिंह नवादा जिले के नारदीगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत नारदीडीह गांव के निवासी थे. वे भारतीय सेना में सेवा दे चुके थे और लगभग दो साल पहले डायल 112 में चालक सिपाही के रूप में नियुक्त हुए थे. उनके परिजनों में शोक का माहौल है.
पुलिस लाइन में दी गई अंतिम सलामी:
सोमवार सुबह पुलिस लाइन में श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई. पुलिस अधिकारियों और जवानों ने दिवंगत सिपाही के पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र अर्पित किए. जवानों ने एक साथ सलामी देकर अपने साथी को श्रद्धांजलि दी. इस दौरान कई पुलिसकर्मी भावुक हो गए.
सदर अस्पताल पहुंचे एसपी
पुलिस महकमे में शोक
घटना की जानकारी मिलते ही नवादा के पुलिस अधीक्षक अभिनव धीमान सदर अस्पताल पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली. अस्पताल परिसर में मौजूद पुलिसकर्मियों और परिजनों की आंखें नम दिखीं. साथी जवानों के बीच भी शोक और मायूसी का माहौल बना हुआ है. एक पल में परिवार के सपने उजड़ गए और वर्दी पहनकर जनता की सेवा करने वाला जवान हमेशा के लिए खामोश हो गया. घटना के बाद पूरे पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई है.